प्रत्नकीर्तिमपावृणु = कर प्रयत्न; कि पुरखों की थाती, पहुंचे उनकी सन्ततियों तक.

प्रत्नकीर्ति : त्रैमासिक शोध-पत्रिका, ISSN 2322-0694

परामर्श-दातृ-समिति

  • श्री उदय शंकर दूबे (मीरजापुर, उ०प्र०)
  • डॉ. गंगा प्रसाद बरसैंया (छतरपुर, म०प्र०)
  • डॉ. शुचिस्मिता पाण्डेय (वाराणसी, उ०प्र०)
  • डॉ. सुनील कुमार पाण्डेय (हैदराबाद, आ०प्र०)

सम्पादक

प्रताप कुमार मिश्र

अखिल भारतीय मुस्लिम-संस्कृत संरक्षण एवं प्राच्य शोध संस्थान
आराजी-469, सत्यम् नगर, भगवानपुर, बी.एच.यू. वाराणसी, उ. प्र., भारत, पिन-221005